18/06/2025
शौर्य, पराक्रम और साहस की प्रतिमूर्ति, महान वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई जी के बलिदान दिवस पर उन्हें शत-शत नमन करता हूँ।
रानी लक्ष्मीबाई ने प्रथम स्वाधीनता संग्राम 1857 की अग्रदूत के रूप में अपनी असाधारण वीरता और साहस से राष्ट्रभक्ति का एक नया अध्याय लिखा। मातृभूमि के प्रति प्रेम और अपने ओजस्वी विचारों से नारी शक्ति और अंग्रेज़ी शासन के विरुद्ध क्रांति का प्रतीक बनी।
स्वाधीनता, संस्कृति की रक्षा एवं स्वाभिमान के लिए उनका अमर बलिदान अनंत काल तक जनमानस को प्रेरित करता रहेगा।