mo.khurshid1

mo.khurshid1 khurshid

25/12/2024

भाई की शादी के बाद सरला जब अपने मायके पहुंची तो पूरे घर का माहौल बदलाबदला सा नजर आया. उस की मां के कटु व्यवहार ने सारे घर की शांति धुआंधुआं कर दी. ऐसे में सरला ने अपनी मां और बहन को ऐसी सीख दी कि खोई हुई शांति फिर लौट आई.

सरला ने चहकते हुए घर में प्रवेश किया. सब से पहले वह अपनी नई आई भाभी दिव्या से मिली.

‘‘हैलो भाभी, कैसी हो.’’

‘‘अच्छी हूं, दीदी,’’ एक फीकी सी मुसकान फेंक कर दिव्या ने कहा और सरला के हाथ की अटैची अपने हाथ में लेते हुए धीरे से बोली, ‘‘आप सफर में थक गई होंगी. पहले चल कर थोड़ा आराम कर लें. तब तक मैं आप के लिए चायनाश्ता ले कर आती हूं.’’

सरला को बड़ा अटपटा सा लगा. 2 ही महीने तो शादी को हुए हैं. दिव्या का चमकता चेहरा बुझ सा गया है.

सरला अपनी मां से मिली तो मां उसे गले से लिपटाते हुए बोलीं, ‘‘अरी, इतनी बड़ी अटैची लाने की क्या जरूरत थी. मैं ने तुझ से कहा था कि अब यहां साडि़यों की कोई कमी नहीं है.’’

‘‘लेकिन मां, साडि़यां तो मिल जाएंगी, ब्लाउज कहां से लाऊंगी? कहां पतलीदुबली भाभी और कहां बुलडोजर जैसी मैं,’’ सरला ने कहा...आगे की कहानी पढ़ने के लिए नीचे कमेंट बॉक्स मे दिए लिंक पर क्लिक करें 👇

Address

Matkuriya. Triveniganj. Supaul
Supaul
852139

Website

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when mo.khurshid1 posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Share

Category